
बालाघाट/लालबर्रा। मध्यप्रदेश
रेत के अवैध उत्खनन से टूटा पुलिया.
लालबर्रा में चौतरफा हर नदी नाले से काटी गई रॉयल्टी
प्रतिनिधियों ने भी नही दिया ध्यान होती रही बर्बाद नई नवेली सड़कें
मुख्यालय से लगे ग्राम कटंगटोला से पढरापानी होते हुए रानीकुठार पहुंच मार्ग बंद है ,बीते दिनों मार्ग पर स्थित ग्राम पंढरापानी के करीब का पुल पानी के तेज बहाव से ढह गया था। जिससे आसपास के लगभग 7 से 9 ग्राम कस्बों और टोला के लोग प्रभावित है और बड़ी मुसीबत से 5 किलोमीटर फेरे से लालबर्रा जा रहे हैं। और कुछ ग्रामीण तो पानी भरे रहने की स्थिति में भी नाले को पार कर रहे हैं जो जानलेवा भी हो सकता है। 3 माह पहले टूटे पुलिया की सुध लेने वाला कोई भी जिम्मेदार अधिकारी व जनप्रतिनिधि आज तक पुल के निर्माण के लिए सामने नहीं आ रहे है। जिससे ग्रामीणों में आक्रोश पनपते देखा जा रहा है गांव के युवाओ ने मीडिया को बताया कि नाले से अत्यधिक मात्रा में रेत का अवैध उत्खनन होने से पुलिया कमजोर हुआ और पानी के बहाव को सहन नहीं कर पाया और पुलिया छतिग्रस्त हो गया,अवैध तरीके से हो रहे रेत के उत्खनन की जानकारी पंढरापानी के समस्त ग्रामीणों द्वारा अनेकों बार पूर्व रानीकुठार सरपंच विनोद ठाकरे व पूर्व बीडीसी प्रतिनिधि जीवन लिल्हारे को दी गई थी, फिर भी जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों ने पद में बने रहते हुए भी रेत के अवैध उत्खनन की रोक नहीं लगाई और ध्यान नहीं दिया जिसके चलते ही यह पुल धराशाई हुआ है अनेकों बार ग्रामीणों द्वारा अवैध रेत उत्खनन पर विरोध प्रदर्शन किया, लेकिन इन जनप्रतिनिधियों ने ठेकेदारों का साथ देते हुए रेत के अवैध उत्खनन को नहीं रोका गया, रेत ठेकेदार के लोग नाले की रेत की रॉयल्टी काटते थे और जो ट्रैक्टर वाले रॉयल्टी नहीं देते थे उनकी गाड़ी पकड़ी जाती थी और कार्रवाई की जाती थी ग्रामीणों ने यह भी आरोप लगाया कि नाले से अवैध रेत उत्खनन कि पूर्व सरपंच और पूर्व बीडीसी को सूचना दी गई थी तो वह मौका स्थल भी पहुंचे परंतु उन्होंने ग्रामीणों की मांग नहीं मानी ग्रामीणों का कहना था कि उक्त नाले से रेत का उत्खनन बंद कराया जाए परंतु दोनों जन प्रतिनिधियों ने रेत का व्यापार करने वालों का साथ दिया। ग्रामीणों की बात को अनसुना कर दिया जिससे ज्यादा मात्रा में रेत निकलने से पुलिया कमजोर पड़ गया और पानी के बहाव से बह गया 3 महीने बीत जाने के बाद भी कोई जिम्मेदार जनप्रतिनिधि व अधिकारी नाले की सुध तक लेने नहीं आया । जिस कारण हम ग्रामीणों को 5 किलोमीटर फेरे से लालबर्रा जाना पड़ रहा है जिसमें समय भी खराब हो रहा है और परेशानी भी हो रही है।
पंढरापानी के ग्रामीणों ने मीडिया के माध्यम से प्रशासन के सामने यह बात रखी है कि उक्त पुलिया को जल्द से जल्द दुरुस्त कराने की अपील जिला कलेक्टर गिरीश कुमार मिश्रा एवं क्षेत्रीय विधायक गौरीशंकर बिसेन से की है ताकि ग्रामीणों को आवागमन में हो रही परेशानी से निजात मिल सके।
इनका कहना है
2 साल से नाले से हुए अत्यधिक मात्रा में रेत के अवैध खनन से पुलिया कमजोर हो गया और बारिश में पानी के बहाव से पुलिया बह गया ,ग्रामीणों द्वारा जिम्मेदार जनप्रतिनिधियों को अवगत कराने के बाद भी उनके द्वारा रेत के खनन को रोकने कोई पहल नहीं की जिसका नतीजा आज देखने को मिल रहा है पुल ढह गया है मार्ग से आवागमन करने वाले अपनी जान हथेली पर रखकर पुल पार करने पर विवश है,नहीं तो 5 किलोमीटर चक्कर लगाकर लालबर्रा जाना पड़ रहा है ग्रामीणों की अपील है की प्रशासन उक्त पुलिया का जल्द निर्माण कराएं और आवागमन सुचारू करें।
समस्त ग्रामवासी ग्राम पंढरापानी


