जबलपुर,
विधानसभा के आगामी चुनाव की चल रही तैयारियों के अंतर्गत जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर सौरभ कुमार
सुमन ने आज शुक्रवार को निर्वाचन कार्यों को संपादित करने नियुक्त नोडल अधिकारियों की बैठक ली तथा उन्हें सौंपे गये
दायित्वों का गंभीरता से निर्वाह करने के निर्देश दिये। श्री सुमन ने बैठक में कहा कि नोडल अधिकारियों को निर्वाचन कार्यों को
समय पर पूरा करना होगा। उन्होंने अधिकारियों को निर्वाचन आयोग के प्रत्येक दिशा-निर्देशों का गहराई से अध्ययन करने तथा
उनके मुताबिक ही अपने दायित्वों का निर्वाह करने की हिदायत भी दी।
निर्वाचन संपन्न कराने नियुक्त नोडल अधिकारियों की कलेक्टर कार्यालय के सभाकक्ष में संपन्न हुई इस बैठक में उप
जिला निर्वाचन अधिकारी एवं अपर कलेक्टर मिशा सिंह, जिला पंचायत की सीईओ जयति सिंह, नगर निगम आयुक्त स्वप्निल
वानखड़े, अपर कलेक्टर शेर सिंह मीणा एवं विमलेश सिंह, स्मार्ट सिटी के सीईओ चन्द्रप्रताप गोहिल तथा सभी एसडीएम भी
मौजूद थे।

जिला निर्वाचन अधिकारी एवं कलेक्टर श्री सुमन ने बैठक में नोडल अधिकारियों से उन्हें सौंपे गये दायित्वों के संबंध में
विस्तार से जानकारी ली। उन्होंने चुनाव की घोषणा से लेकर चुनाव संपन्न होने तक निर्वाचन के कार्यों में पूरी पारदर्शिता बरतने
के निर्देश देते हुये कहा कि नोडल अधिकारियों को निर्वाचन आयोग से समय-समय पर प्राप्त होने वाले दिशा-निर्देशों से न केवल
अपने आप को अपडेट रखना होगा बल्कि राजनैतिक दलों के पदाधिकारियों की भी समय-समय पर बैठकें आयोजित कर उन्हें भी
इनसे अवगत कराना होगा।
श्री सुमन ने बैठक में नोडल अधिकारियों सहित निर्वाचन कार्य से संलग्न सभी अधिकारियों-कर्मचारियों को लापरवाही या
ढिलाई बरते जाने पर कठोर कार्यवाही की चेतावनी भी दी। उन्होंने कहा कि नोडल अधिकारी सौंपे गये दायित्वों को अच्छी तरह
से समझ लें, शंका हो तो समय रहते उनका समाधान कर लें। कलेक्टर ने नोडल अधिकारियों को दायित्वों का कुशलतापूर्वक
संपादन करने के लिए चेक लिस्ट बनाने के निर्देश भी दिये। उन्होंने कहा कि निर्वाचन संबंधी प्रत्येक कार्य की जानकारी आयोग
के पोर्टल पर दर्ज की जाये तथा निर्वाचन आयोग एवं मुख्य निर्वाचन पदाधिकारी को चाही गई जानकारियां समय पर भेजी जायें।
जिला निर्वाचन अधिकारी ने बैठक में मतदान कर्मियों की नियुक्ति, प्रशिक्षण, ईव्हीएम एवं व्हीव्हीपेट मशीनों के
रेण्डमाइजेशन एवं कमिशनिंग, स्वीप प्लान, मतदान सामग्री वितरण एवं वापसी, आदर्श आचरण संहिता एवं संपत्ति विरूपण
अधिनियम का पालन कराने, एक्सपेंडिचर मॉनिटरिंग सेल, एफएसटी और एसएसटी का गठन, नाम निर्देशन पत्र प्राप्त करने की
व्यवस्था, शिकायत प्रकोष्ठ, मतदान केन्द्रों में आवश्यक सुविधाओं की उपलब्धता, डाकमत पत्र, मतदान पूर्व, मतदान एवं
मतदान के बाद की व्यवस्थाओं, स्ट्रांग रूम, मतगणना कर्मियों की नियुक्ति एवं प्रशिक्षण के बारे में विस्तार से चर्चा की और
आवश्यक दिशा-निर्देश दिये।


