शहडोल —-अंतरराष्ट्रीय हिंदू परिषद और राष्ट्रीय बजरंग दल (जिला शहडोल, महाकौशल प्रांत) ने पुलिस प्रशासन को एक ज्ञापन सौंपकर आगामी त्योहारों को लेकर कई महत्वपूर्ण मांगें उठाई हैं। संगठन के पदाधिकारियों ने 13 अक्टूबर 2026 को पुलिस अधीक्षक (SP) के नाम एक पत्र सौंपकर नवरात्रि और दीपावली के दौरान धार्मिक मर्यादा बनाए रखने और सुरक्षा व्यवस्था पुख्ता करने की अपील की है।
बजरंग दल द्वारा सौंपे गए इस ज्ञापन में मुख्य रूप से तीन बड़ी मांगें शामिल हैं:
• गरबा पंडालों में शालीन वेशभूषा: संगठन का कहना है कि नवरात्रि के गरबा और दुर्गा पूजा कार्यक्रम पूरी तरह धार्मिक आस्था से जुड़े हैं। इसलिए आयोजन स्थलों पर धार्मिक प्रकृति के अनुसार शालीन पहनावा (ड्रेस कोड) अनिवार्य किया जाए। साथ ही पहचान पत्र (ID) सत्यापन, प्रवेश-पत्र और उचित निगरानी के जरिए सुरक्षा व्यवस्था सुदृढ़ की जाए।
• गैर-हिंदुओं के प्रवेश पर रोक: पत्र में स्पष्ट रूप से मांग की गई है कि गरबा पंडालों में गैर-हिंदुओं के प्रवेश को पूरी तरह प्रतिबंधित (वर्जित) किया जाए, ताकि इन धार्मिक आयोजनों की शुचिता, सुरक्षा और मर्यादा बनी रहे।
• देवी-देवताओं वाले पटाखों पर प्रतिबंध: संगठन ने दीपावली पर ऐसे पटाखों के निर्माण, बिक्री और उपयोग पर रोक लगाने की मांग की है जिन पर हिंदू देवी-देवताओं के चित्र या धार्मिक प्रतीक छपे होते हैं। उनका तर्क है कि आतिशबाजी के बाद इन चित्रों के फटने और उनके अवशेषों के सार्वजनिक स्थानों पर बिखरने से श्रद्धालुओं की धार्मिक भावनाएं आहत होती हैं।
प्रशासन से सख्त कदम उठाने की अपील
राष्ट्रीय बजरंग दल के जिला अध्यक्ष आकाशदीप साहू और अन्य पदाधिकारियों के हस्ताक्षरों वाले इस पत्र में प्रशासन से मांग की गई है कि वे सभी थाना प्रभारियों को इस संबंध में सख्त निर्देश जारी करें। संगठन ने पुलिस से त्योहारों के दौरान शांति, सामाजिक सौहार्द और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के लिए सभी उचित कदम उठाने का आग्रह किया है।
शहडोल से सत्येन्द्र सोनी




