सिवनी ब्यूरो( संदीप ठाकुर)
कहते हैं, इंसान अपने कर्मों से अमर होता है। ग्राम पंचायत अतरिया के ग्राम बिछुआ निवासी सतेंद्र पिता रोहिणी प्रसाद यादव ने अपने जीवन के अंतिम क्षणों में भी मानवता की सबसे बड़ी मिसाल पेश की। जबलपुर में सड़क दुर्घटना में दुखद निधन के बाद उनके परिजनों ने उनका दिल, किडनी और लिवर दान कर कई ज़िंदगियों को नई सांसें दे दीं।
प्रदेश शासन की पहल पर, कलेक्टर सुश्री संस्कृति जैन के निर्देशन में सतेंद्र को अंतिम यात्रा के समय गार्ड ऑफ ऑनर देकर सम्मानित किया गया। शव के घंसौर पहुँचने पर एसडीएम श्री बिसन सिंह सहित प्रशासनिक अधिकारियों और ग्रामीणों की मौजूदगी में, नम आँखों और गर्व से भरे दिलों के साथ अंतिम विदाई दी गई।
प्रदेश शासन ने अंगदान करने वाले महान व्यक्तियों को गार्ड ऑफ ऑनर देने का विशेष निर्देश दिया है, ताकि उनकी निस्वार्थ सेवा हमेशा याद रखी जाए और समाज में प्रेरणा का संचार हो।
सतेंद्र भले ही आज हमारे बीच नहीं हैं, लेकिन उनकी दी हुई ज़िंदगी और उनकी मानवता हमेशा ज़िंदा रहेगी।





