जबलपुर के अधारताल थाना क्षेत्र स्थित एक प्रतिष्ठित निजी स्कूल सिम्बॉयसिस स्कूल में बुधवार को उस समय सनसनी फैल गई, जब एक अज्ञात युवक ने स्कूल परिसर में घुसकर एक छात्र पर चाकू से हमला कर दिया। हमले की यह पूरी घटना स्कूल परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरे में कैद हो गई, जिसके बाद स्कूल में अफरा-तफरी का माहौल बन गया। हैरान करने वाली बात यह है कि स्कूल प्रबंधन ने हमलावर के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बजाय उल्टा पीड़ित छात्र को ही स्कूल से रस्टिकेट कर दिया। इसके बाद परिजनों ने पुलिस थाने पहुंचकर स्कूल प्रबंधन और हमलावर के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई है
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार बताया जा रहा है कि अज्ञात हमलावर और छात्र के बीच इंस्टाग्राम में किए गए कमेंट को लेकर हुआ था दोनों में विबाद इतना बढ़ गया कि अज्ञात आरोपी चेहरे पर कपड़ा बांधकर स्कूल हमला करने पहुँच गया जहां युवक ने अचानक छात्र पर हमला कर दिया। गनीमत यह रही कि स्कूल में मौजूद स्टाफ और कर्मचारियों ने तत्परता दिखाते हुए हमलावर को मौके पर ही पकड़ लिया जिससे कोई बड़ा हादसा टल गया। घटना के बाद स्कूल में हड़कंप मच गया और स्कूल प्रबंधन मौके पर एकत्रित हो गया और तुरंत इसकी जानकारी नाबालिक छात्र के परिजनों को दी।
इस मामले में हैरान करने वाली बात यह रही कि स्कूल प्रबंधन ने हमलावर के खिलाफ सख्त कार्रवाई करने की बजाय उल्टा पीड़ित छात्र को ही स्कूल से रस्टिकेट कर दिया। बताया जा रहा है कि हमलावर और छात्र के बीच इंस्टाग्राम पर हुए एक कमेंट को लेकर विवाद हुआ था जिससे आक्रोशित युवक स्कूल पहुंचा और हमला कर दिया। स्कूल से रस्टिकेट किए जाने के बाद छात्र के परिजन भारी आक्रोश में स्कूल पहुंचे और अधारताल थाने में स्कूल प्रबंधन और हमलावर युवक के खिलाफ शिकायत दर्ज कराई। परिजनों का आरोप है कि स्कूल प्रबंधन ने हमले की गंभीरता को नजरअंदाज करते हुए उनके बेटे के भविष्य से खिलवाड़ किया है।
थाना प्रभारी प्रवीण कुमरे ने जानकारी देते हुए बताया कि घटना की रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है और सीसीटीवी फुटेज के आधार पर जांच शुरू कर दी गई है। हमलावर युवक की पहचान अधारताल थाना क्षेत्र के सुहागी निवासी के रूप में हुई है। जिसकी गिरफ्तारी के प्रयास किया जा रहे हैं। वही जबलपुर में हुई यह घटना एक बार फिर स्कूलों में सुरक्षा व्यवस्था की पोल खोलती नजर आई है। ऐसे में यह सवाल उठना लाजमी है कि जब कोई बाहरी व्यक्ति इतनी आसानी से स्कूल परिसर में घुसकर हमला कर सकता है, तो बच्चों की सुरक्षा की जिम्मेदारी कौन लेगा?





